गाजीपुर: दूध में मिलावट पर शिकंजा, दो बीएमसी सेंटरों से लिए गए सैंपल, जांच के लिए भेजे गए लखनऊ
गाजीपुर, 04 जून 2025
जनपद में मिलावटी खाद्य पदार्थों की बढ़ती शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए जिला प्रशासन ने कड़ा रुख अख्तियार किया है। खासतौर पर दूध एवं दुग्ध उत्पादों में मिलावट को रोकने के लिए जिला खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन की टीम ने एक बार फिर बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया।

जिलाधिकारी डॉ. दिनेश कुमार के निर्देश पर चलाए जा रहे इस विशेष निगरानी एवं प्रवर्तन अभियान के तहत मंगलवार को गाजीपुर के दो विभिन्न ब्लॉक मिल्क चिलिंग सेंटर (बीएमसी) पर छापेमारी कर मिश्रित दूध के सैंपल लिए गए। इस अभियान का नेतृत्व सहायक आयुक्त (खाद्य) श्री आर.सी. पांडेय द्वारा किया गया, जिन्होंने समस्त जनपद में शुद्ध एवं सुरक्षित खाद्य आपूर्ति को सुनिश्चित कराने के लिए व्यापक कार्रवाई का निर्देश दिया
1. भोले नगर, होलीपुर, सैदपुर (गाजीपुर) स्थित प्रो. जयप्रकाश यादव के मेसर्स–पराग बीएमसी (बल्क मिल्क चिलिंग सेंटर) से मिश्रित दूध का एक नमूना।
2. बड़हरा, तुरना, नन्दगंज (गाजीपुर) स्थित कमलेश सिंह यादव के बीएमसी सेंटर से मिश्रित दूध का एक नमूना।
इन दोनों नमूनों को जांच के लिए खाद्य विश्लेषक प्रयोगशाला, लखनऊ भेजा गया है। रिपोर्ट आने के बाद खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम–2006 के अंतर्गत उचित विधिक कार्रवाई की जाएगी।
सैंपल कलेक्शन की यह कार्रवाई मुख्य खाद्य सुरक्षा अधिकारी सुमन कुमार मिश्र के नेतृत्व में संपन्न हुई। उनके साथ सहयोग कर रही संयुक्त टीम में शामिल शैलेन्द्र कुमार सिंह – राजकीय दुग्ध पर्यवेक्षक, तुलिका शर्मा – खाद्य सुरक्षा अधिकारी, गुलाबचंद गुप्ता – खाद्य सुरक्षा अधिकारी, राजीव कुमार कनौजिया – खाद्य सुरक्षा अधिकारी,अरविंद प्रजापति – खाद्य विभाग कर्मी,सहायक आयुक्त (खाद्य) श्री आर.सी. पांडेय ने बताया कि आगे भी इसी तरह की औचक जांच व सैंपलिंग अभियान जनपद के विभिन्न क्षेत्रों में चलाए जाएंगे। उन्होंने दूध विक्रेताओं व बीएमसी संचालकों को चेतावनी देते हुए कहा कि यदि गुणवत्ता से समझौता किया गया तो कड़ी विधिक कार्रवाई की जाएगी





